india foreign reserve 2021

India Foreign Reserve 2021

 

India का Foreign Exchange Reserve का जो आकड़ा है एक बार फिर से गिर गया हे। 2.4 billion की घटती देखने को मिली है। भारत का Foreign Exchange Reserve अब हो चुका है। 576.8 billion dollar , लेकिन दोस्तो भारत ने यही जो आकड़ा है जनवरी के महीने में 590 billion dollar तक पहुंचा दिया था।  अब इसमें 14 billion dollar गिरावट हो चुकी है/

 

इससे आपके मन में एक सवाल जरूर उठ रहा होगा कि आखिरकार हमारा india foreign reserve जो Covid-19 pandemic  में भी जब काम धंधे बंद थे तब ये फोने चेंजर बढ़ रहा था लेकिन अब कामधंधे भी खुल गए हैं ,कमाई भी फिर से शुरू हो रही हैं तो भी हमारा Foreign Exchange Reserve घटा क्यों है ? , तो इसका सबसे बड़ा कारण है Saudi Arab  के शेख और हमारे Rupees  गिरना,  दोस्तो आज एक अमेरिकी डॉलर की कीमत 74.73 रुपए के हिसाब से चल रही है।

 

हालांकि यही जो एक डॉलर है 16 अप्रैल के जो आंकड़े हैं उसके अनुसार देखा जाए तो 70 रुपए तक पहुंच गई थी। अब दोस्तो आप कहेंगे कि हमारा रुपया एक गिर रहा  है तो इसके चलते हमारा Foreign Exchange Reserve घट रहा है।

india foreign reserve 2021
india foreign reserve 2021

लेकिन ऐसा नहीं है कि हमारा Foreign Exchange Reserve घट जाए और इसी के चलते जो हमारा रुपया गिरा है उससे भारत के अंदर महंगाई भी बढ़ रही है। अब आप कहेंगे महंगाई कैसे बढ़ रही है तो दोस्तो जब जब रुपया गिरता है, तो रुपया कमजोर होता है तो उस situtation  में हमारा import महंगा हो जाता है। यानि की जो भी चीजें हम दुनिया के दूसरे देशों से खरीदते हैं वो महंगी हो जाती हैं।

 

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 आइये एक उदहारण से जानते है/ 

आप imagine कीजिए कि अगर आप अपने लड़के को बाहर पढ़ने के लिए भेजना है तो उसकी फीस महंगी  हो जाने वाली है क्यूंकि आपका रुपया टू डॉलर कन्वर्जन महंगा हो गया है। इसी के चलते एक ये बात भी है कि हम जो दूसरे देशों से सामान खरीदते हैं उसका भी रेट बढ़ जाने वाला है। जो सामान पहले सौ रुपए का था अब ये जो एक उठापटक हुई है इससे भी एक महंगा हो जाने वाला है। ये बात तो आप को समझ आ गयी होगी लेकिन दूसरा सबसे बड़ा फैक्टर है हमारा तेल का जो एक कोष्ठ है वो भी बढ़ जाने वाली है।

 

अब दो तो तेल के दामों में पहले आर्टिफिशल तरीके से सऊदी अरब के शेखों ने बढोतरी कर रखी है और अब हमारा रुपया गिरा है तो उस सिचुएशन में हमें तेल की जो एक खरीदारी है वो भी अब महंगी होगी अब तेल महंगा रहे तो जाहिर सी बात है कि सरकार अपनी जेब से तो पैसा लगाएगी नहीं। 130 करोड़ की जनता की जेब से ही पैसा लगने वाला है अब दो तो ये होगा कि हमारे तेल की कीमतें भी बढ़ सकती हैं और आने वाले समय में महंगाई भी आपको बढ़ती हुई दिखाई दे सकती है और इसी के चलते आप कहेंगे कि हमारा रुपया क्यों कमजोर हुआ है ऐसा क्या आग लगी इंटरनैशनल मार्किट में कि हमारा रुपए को कमजोर कर दिया है।

 

तो दोस्तो (india foreign reserve) कम होना इसका सबसे बड़ा कारण बताया जा रहा है डॉलर का मजबूत होना और भारत के अंदर जो भर भर के अमेरिकी डॉलर भारत की मार्किट में आये थे उन्होंने भी एक रोल प्ले किया है। आपको पता है कि भारत की जीत इसी के साथ अलग अलग कंपनियों के अंदर हमारे एक निवेश की बहुत बाढ़ आ गई है जिस कारण से हमारे देश के अंदर डॉलर बहुत बढ़ गये अब जब तक हम ये डॉलर का इस्तेमाल नहीं करेंगे तब तक हमारा रुपया एक मजबूत नहीं हो सकता है।

  तो दोस्तो india foreign reserve ये सभी फैक्टर्स से जिन कारणों से हमारा रुपया गिरा है और अब आम लोगों के लिए महंगाई बढ़ सकती है लेकिन दोस्तो हमारा आरबीआई और हमारी सरकार इस महंगाई को रोकने के लिए अपने एक आर्टिफिशियल तरीकों से एक मैनेज कर सकती है लेकिन देखना होगा सरकार इसे मैनेज करती है या नहीं/

लेकिन फिलहाल की यही एक मौके की सबसे बड़ी खबर थी कि देशवासियों के लिए अब फॉरेन एक्सचेंज रिजर्व भी गिरा है। इसी के चलते रुपया भी गिरा है और इसी के चलते अब महंगाई भी बाय प्रोडक्ट के रूप में अब हमें मिलने वाली है।

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